मां-बेटी सामूहिक बलात्कार कांड की नाबालिग पीडि़त ने कहा, दोषियों को फांसी दो

गया (बिहार)-मुकेश प्रसाद सिन्हा, कार्यालय संवाददाता। मां-बेटी सामूहिक बलात्कार कांड में नाबालिग पीडि़ता ने दोषियों को फांसी देने की मांग की है। पीडि़ता के पिता का भी कहना है कि सरकार दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर फांसी की सजा दिलाए। गया जिले के कोंच थाना क्षेत्र में 13 जून की रात 50 वर्षीय मां और 15 वर्षीय बेटी के साथ गैंगरेप किया गया था। इस मामले में तीन आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है।
इस घटना के बाद बिहार के राज्यपाल सतपाल मलिक ने एक समारोह में कहा कि इससे बुरी कोई बात नहीं हो सकती, हम अपनी बच्चियों की सम्मान की रक्षा नहीं कर सकते। राज्यपाल को कहना पड़ा कि लड़कियों-महिलाओं से छेडख़ानी होने के बाद थाने में बाद में रिपोर्ट दर्ज कराइए, पहले राजभवन को फोन कीजिए। राजभवन के अधिकारी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराने में मदद करेंगे।
मां-बेटी बलात्कार कांड में अनुसंधान में पुलिस को घटनास्थल से डायरी बरामद हुई है। डायरी में लिखे मोबाइल नंबरों और नाम-पता के आधार पर पुलिस की पड़ताल जारी है। अनुसंधान तेजी से संपन्न हो, इसके लिए कोंच थाना की अस्थाई शाखा गुरारू थाना शुरू की गई है, जहां कोंच थाना के पुलिस पदाधिकारी डटे हुए हैं। पुलिस ने कमलदह गांव में छापेमारी कर 40 संदिग्धों को हिरासत में लिया और पूछताछ की। पूछताछ और छापेमारी का क्रम जारी है। पुलिस ने सोनडीहा गांव के गौरव, शिवम व दीपक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
गया जिले के आंती थाना क्षेत्र निवासी शख्स करीब नौ बजे रात में अपनी मोटरसाइकिल से पत्नी-बेटी के साथ घर जा रहा था कि गुरारू-अहियापुर स्टेट हाईवे-69 पर कोंच थाना क्षेत्र के सोनडीहा गांव के पास आठ-दस लोगों ने रोक लिया और लूटपाट की। इसके बाद बदमाशों ने शख्स के हाथ-पांव बांधकर पेड़ से चिपका दिया और पत्नी-बेटी को अलग ले जाकर सामूहिक दुष्कर्म किया।

आश्रय गृह की 46 लड़कियां मुक्त, प्रबंधक गिरफ्तार

मुजफ्फरपुर (बिहार)-सोनमाटी समाचार)। एक आश्रयगृह में सेक्स रैकेट चलाने के आरोप में उस आश्रयगृह को सील कर उसके प्रबंधक को जेल भेजा गया है। आश्रयगृह सेवा संस्थान संकल्प एवं विकास समिति से 46 नाबालिग लड़कियों को अन्य आश्रयगृहों में भेज दिया गया है। यह कार्रवाई केेंद्र सरकार के महिला एवं बाल विकास मंत्रालय को शिकायत मिलने के बाद की गई। मंत्रालय ने बिहार राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग से मामले की जांच कराई थी।
राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग को भेजे गए पत्र में बिहार राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष हरपाल कौर ने सूचित किया है कि 46 नाबालिग लड़कियों को अन्य आश्रय गृहों में भेजा गया है। मुंबई की टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंस की टीम ने बिहार के सभी बालिका आश्रयगृहों का सोशल ऑडिट कर उसकी रिपोर्ट 26 मई को बिहार सरकार व मुजफ्फरपुर जिला प्रशासन को भेजी थी और तत्काल गहन छानबीन कर कानूनी कार्रवाई करने की सिफारिश की थी। अब केेंद्र सरकार के महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने बिहार के सभी जिलाधिकारियों को आश्रयगृहों का औचक निरीक्षण करने का भी निर्देश दिया है।

अवैध चाहरदीवारी तोड़े जाने से फुटपाथी दुकानदार विस्थापित, हुए बेरोजगार

सासाराम (रोहतास)-सोनमाटी संवाददाता। यहां रौजा रोड में सदर अस्पताल टीबी वार्ड की चहारदीवारी को स्थानीय प्रशासन ने हाईकोर्ट के आदेश पर बुलडोजर चलवाकर तोड़ दिया, जिससे चहारदीवारी से सटे रोड किनारे 40 वर्षों से गुमटी लगाकर चाय, पान, नाश्ता, रेडीमेड कपड़ा, चप्पल-जूते की बिक्री कर परिवार का भरण-पोषण करने वाले विस्थापित होकर बेरोजगार हो गए हैं।
लश्करी गंज मुहल्ले के प्रहलाद दूबे ने इस जगह को अपना बताकर कब्जा दिलाने का वाद हाईकोर्ट में दायर किया था। फुटपाथी दुकानदार इस जगह को सरकारी जमीन बताते हुए गुमटियां हटाने से इंकार करते रहे थे। सदर अस्पताल द्वारा अवैध रूप से चहारदीवारी बनाने के कारण भूस्वामी ने सदर अस्पताल के अधिकारियों एवं फुटपाथी दुकानदारों को पार्टी बनाकर हाईकोर्ट में क्रिमिनल मिसलेनियस का मुकदमा किया था। हाईकोर्ट से अवैध चहारदीवारी को तोडऩे के आदेश होने पर नगरपालिका की कार्यपालक पदाधिकारी कुमारी हिमानी ने पुलिस बल के साथ बुलडोजर चलवाकर चहारदीवारी को तोड़वा दी।

डीएलएड कार्यशाला में चित्रकला, गायन प्रतियोगिता

सासाराम (रोहतास)-सोनमाटी संवाददाता। डीएलएड कार्यशाला के चौदहवें दिन स्थानीय चौखंडी पथ उच्च विद्यालय परिसर में प्राइमरी टीचर एडुकेशन कॉलेज के प्रशिक्षु शिक्षक-शिक्षिकाओं ने गीत, गजल, भजन, देशभक्ति गीतों का गायन किया। कार्यक्रम का उद्घाटन विद्यालय के प्रधानाचार्य डा. कौशल किशोर द्विवेदी, प्रज्ञा निकेतन के निदेशक डा. हिमांशु त्रिपाठी आदि ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। एनआईओएस के ऑब्जर्बर अभयनारायण सिंह ने कहा कि ट्रेंड शिक्षक-शिक्षिका अपने कौशलयुक्त ज्ञान का हस्तांतरण विद्यार्थियों को करते हैं। 2019 तक सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं को डीएलएड करना है।
इस अवसर आयोजित चित्रकला प्रतियोगिता में सर्वशिक्षा अभियान, पर्यावरण संरक्षण, नारीशक्ति पर बनाये गये चित्रों के लिए अंजनी कुमारी, तोशिबा कुमारी, शमा परवीन को क्रमश: प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय पुरस्कार दिया गया। प्रशिक्षुओं में खुशबू मिश्रा, सुमित कुमार, कुमारी राधिका, नंदजी तिवारी, ममता सिंह, आरिफ मंजूर, शमा परवीन आदि ने अपना-अपना गायन प्रस्तुत किया। गायन के लिए कुमारी राधिका को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम का संचालन संत पॉल स्कूल के शिक्षक अर्जुन कुमार ने किया।

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