
दाउदनगर (औरंगाबाद ) कार्यालय प्रतिनिधि। बिहार शिक्षा परियोजना औरंगाबाद के तहत तीन से 18 आयु वर्ग के दिव्यांग बच्चों की जांच शिविर का आयोजन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र दाउदनगर में किया गया। चिकित्सक के नहीं पहुंचने के कारण अस्थि से संबंधित दिव्यांग बच्चों को बैरंग वापस लौटना पड़ा। बच्चे अपने अभिभावकों के साथ दिव्यांगता जांच कराने पहुंचे थे, लेकिन उन्हें बैरंग वापस लौटना पड़ा। जानकारी मिली कि सदर प्रखंड औरंगाबाद के हड्डी रोग विशेषज्ञ को अस्थि दिव्यांगता की जांच के लिए आना था, लेकिन वह नहीं आ पाए और ऐसे बच्चों को बैरंग वापस लौट जाना पड़ा।
वहीं, नवीनगर रेफरल अस्पताल के चिकित्सक डॉ. प्रमोद कुमार भारती द्वारा मुख बधिर बच्चों की जांच की गई, जबकि सदर अस्पताल औरंगाबाद के नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. आनंद शरण द्वारा आंख से संबंधित दिव्यांगता की जांच की गई। बताया गया कि दाउदनगर, ओबरा और हसपुरा प्रखंडों के बच्चों के लिए शिविर लगाया गया।130 बच्चों का पंजीयन किया जा चुका था। 99 का जांच किया गया। चिकित्सक के नहीं पहुचने के कारण 31 बच्चों के अस्थि दिव्यांगता की जांच नहीं हो सकी।
एसएसए के सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी गंगाधर महतो, औरंगाबाद प्रखंड साधन सेवी राकेश कुमार, दाउदनगर के प्रखंड साधन सेवी, राम अवध यादव, हसपुरा के प्रखंड साधन सेवी धर्मेंद्र प्रसाद, ओबरा के संजय सिंह एवं दाउदनगर के मुकेश कुमार, लिपिक रामावल्लभ कुमार उपस्थित थे।
(रिपोर्ट: ओमप्रकाश कुमार)






