
डेहरी-आन-सोन (रोहतास )। नारायण मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के कम्युनिटी मेडिसिन विभाग की ओर से बाल रोग विभाग एवं प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग के सहयोग से विश्व स्तनपान सप्ताह के अवसर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य माताओं एवं परिवारों को स्तनपान के महत्व के प्रति जागरूक करना तथा शिशुओं के बेहतर स्वास्थ्य के लिए स्तनपान को प्रोत्साहित करना था।
कार्यक्रम के दौरान कॉलेज परिसर में स्तनपान कक्ष की स्थापना की गई। इस कक्ष का उद्देश्य माताओं को अपने शिशुओं को स्तनपान कराने के लिए स्वच्छ, सुरक्षित, आरामदायक और निजी स्थान उपलब्ध कराना है। संस्थान की ओर से की गई इस पहल को स्तनपान-अनुकूल वातावरण विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया गया।
जागरूकता कार्यक्रम में माताओं को शिशु के जन्म के एक घंटे के भीतर स्तनपान शुरू कराने, जीवन के पहले छह माह तक केवल मां का दूध देने तथा छह माह के बाद उचित पूरक आहार के साथ स्तनपान जारी रखने के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। चिकित्सकों ने बताया कि मां का दूध शिशु के लिए आवश्यक पोषक तत्व उपलब्ध कराने के साथ उसकी रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
कार्यक्रम कुलाधिपति के सलाहकार डॉ. एम. के. सिंह की गरिमामयी उपस्थिति में संपन्न हुआ। इस अवसर पर प्रसूति एवं स्त्री रोग विभागाध्यक्ष डॉ. के. के. कौल, सर्जरी विभागाध्यक्ष डॉ. मनीष और एनाटॉमी विभागाध्यक्ष डॉ. शंभु सहित अन्य वरिष्ठ चिकित्सक उपस्थित रहे।
कम्युनिटी मेडिसिन विभाग की ओर से डॉ. श्रीकृष्ण एस.आर., डॉ. पंकज कुमार मिश्रा, डॉ. विशाल कुमार सिंह, डॉ. नारायण कुमार जोशी एवं डॉ. भारत तंवर ने कार्यक्रम में सहभागिता की। मेडिकल छात्रों एवं एमबीबीएस इंटर्न्स ने भी कार्यक्रम में सक्रिय भागीदारी निभाई। इनमें डॉ. गौरव, डॉ. ईशानी, डॉ. यश, डॉ. राज, डॉ. आदित्य, डॉ. आस्था, डॉ. ऋषभ एवं डॉ. रुकसारा शामिल रहे।
कार्यक्रम में माताओं एवं शिशुओं के स्वास्थ्य और कल्याण के लिए स्तनपान के महत्व पर विशेष जोर दिया गया। चिकित्सकों ने परिवार के सदस्यों से भी माताओं को स्तनपान कराने के लिए अनुकूल वातावरण और आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने की अपील की।
कार्यक्रम का समापन “स्वस्थ शिशु, स्वस्थ माँ, स्वस्थ परिवार” संदेश के साथ हुआ।





