350वें प्रकाश पर्व पर

– 350वें प्रकाश पर्व का समापन समारोह 13 दिसंबर से होगा प्रारंभ

– इस बार पटना गांधी मैदान में नहीं होगा कोई प्रोग्राम

– सभी कार्यक्रम होंगे तख्त श्री हरिमंदिरजी (पटना साहिब) में

– तख्त साहिब में मनाया जाएगा  25 दिसंबर को प्रकाश पर्व

श्री गुरु गोबिंद सिंह जी महाराज के 350वें प्रकाश पर्व का समापन समारोह 13 दिसंबर से प्रारंभ हो जाएगा. इस वर्ष भी बड़ी संख्या में बाहरी संगत के आने का अनुमान लगाया जा रहा है

जिला प्रशासन और प्रबंधक कमिटी भी तन मन धन से आयोजन को सफल बनाने में जुट गए हैं. टेंट सिटी का काम भी फाइनल हो चला है. मालूम हो कि इस बार गांधी मैदान में किसी भी प्रकार का कोई प्रोग्राम नहीं है. सभी कार्यक्रम तख्त श्री हरिमंदिर जी, पटना साहिब से हीं संपन्न होंगें.

प्रबंधक कमिटी ने इसे 351वें प्रकाश उत्सव का नाम दिया है पर प्रशासन ने इसे 350वें प्रकाश पर्व का समापन समारोह की संज्ञा दी है.
दिनांक 13 दिसंबर से 23 दिसंबर, 2017 तक प्रभात फेरियों का यह सिलसिला जारी रहेगा. इस क्रम में प्रतिदिन सुबह 04: 30 में तख्त श्री हरिमंदिर जी, पटना साहिब से प्रभात फेरी प्रारंभ होगा और वापस लौट कर समाप्त होगा.

दिनांक 17 दिसंबर 2017 (रविवार) को प्रभात फेरी दानापुर स्थित गुरुद्वारा हांडी साहिब जाएगी. ये प्रभात फेरी गाड़ियों के काफिले के साथ निकलेगी.दिनांक 23 दिसंबर 2017, (शनिवार)  को अंतिम प्रभात फेरी का कार्यक्रम है जो तख्त साहिब से सुबह 4:30 बजे निकल कर पटना साहिब जंक्शन से वापस आएगी.
नगर कीर्तन जुलूस :  दिनांक 24 दिसंबर, (रविवार)  को दोपहर 01 बजे से गुरुद्वारा गायघाट से शुरु होगा. इसमें श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी महाराज की छत्र छाया में, पंज प्यारों की अगुवाई में झूलते निशान साहिब, हाथी, घोडें, बैंड बाजे, ढोल, नगाड़ों के साथ गतका पार्टी, कीर्तनी जत्थे, वाहनों का काफिला और बड़ी संख्या में संगत शामिल रहेंगें. नगर कीर्तन रात्रि 08 बजे तख्त श्री हरिमंदिर जी, पटना साहिब पहुंचकर संपन्न होगा.

प्रकाश पर्व : दिनांक 25 दिसंबर, (सोमवार) को तख्त साहिब कैंपस में मनाया जाएगा. सुबह 09ः15 से लेकर रात्रि 02 बजे तक लगातार कार्यक्रम चलता रहेगा. इस दौरान सिक्ख पंथ के महान रागी जत्थे, कथावाचक, गुरुवाणी विचारक, इतिहासकार, धार्मिक एवं राजनीतिक शख्सियतों का आगमन होगा.

जयप्रित सलूजा

तस्वीरें : निशांत राज

informed by Surendara Singh

Share
  • Related Posts

    बिहार में औद्योगिक निवेश को बड़ी रफ्तार, 23 नई परियोजनाओं को मिली मंजूरी

    पटना। बिहार में औद्योगिक विकास और निवेश को बढ़ावा देने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए बिहार औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकार (बियाडा) की परियोजना समाशोधन समिति (पीसीसी) ने 23…

    Share

    पुस्तक समीक्षा: युद्ध, पीड़ा और मनुष्य होने की कहानी- “इंसान का नसीबा”

    एक समय ऐसा था जब सोवियत रूस की क्रांति से हमारे स्वाधीनता सेनानी, खासकर साहित्यकार, गहरे रूप से प्रेरित होते थे। यह परंपरा लंबे समय तक फलती-फूलती रही। लेकिन 1992…

    Share

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

    You Missed

    बिहार में औद्योगिक निवेश को बड़ी रफ्तार, 23 नई परियोजनाओं को मिली मंजूरी

    बिहार में औद्योगिक निवेश को बड़ी रफ्तार, 23 नई परियोजनाओं को मिली मंजूरी

    पुस्तक समीक्षा: युद्ध, पीड़ा और मनुष्य होने की कहानी- “इंसान का नसीबा”

    पुस्तक समीक्षा: युद्ध, पीड़ा और मनुष्य होने की कहानी- “इंसान का नसीबा”

    खेत बचाओ अभियान के तहत किसानों को वैज्ञानिक कृषि तकनीकों की जानकारी

    खेत बचाओ अभियान के तहत किसानों को वैज्ञानिक कृषि तकनीकों की जानकारी

    मंगोलिया में बुद्ध के प्रमुख शिष्यों के पवित्र अवशेषों की प्रदर्शनी संपन्न

    मंगोलिया में बुद्ध के प्रमुख शिष्यों के पवित्र अवशेषों की प्रदर्शनी संपन्न

    पीएनसी लापरवाही पर भीम आर्मी का प्रदर्शन, डीएम को ज्ञापन

    पीएनसी लापरवाही पर भीम आर्मी का प्रदर्शन, डीएम को ज्ञापन

    अंतरराष्ट्रीय साहित्य सम्मान से सम्मानित हुए अरविंद चित्रांश, कायस्थ महासभा ने किया अभिनंदन

    अंतरराष्ट्रीय साहित्य सम्मान से सम्मानित हुए अरविंद चित्रांश, कायस्थ महासभा ने किया अभिनंदन