तेज गति से निपटाएं मुकदमें, तीन माह में शुरू होगा कोर्ट कैैंपस का निर्माण

डेहरी-आन-सोन (रोहतास)-विशेष प्रतिनिधि। पटना हाईकोर्ट के जज और रोहतास-कैमूर जिलों को निरीक्षी न्यायाधीश विनोद कुमार सिन्हा ने अनुमंडल न्यायालय के न्यायिक दंडाधिकारियों से तेज गति से मुकदमों के निष्पादन का निर्देश दिया। दूसरी तरफ, डिहरी अनुमंडल विधिज्ञ संघ को यह आश्वासन दिया कि अनुमंडल न्यायालय परिसर का निर्माण तीन महीने में आरंभ कर दिया जाएगा। न्यायाधीश विनोद कुमार सिन्हा चार दिनों के दौरे के क्रम में अंतिम डिहरी अनुमंडल न्यायालय के कामकाज का निरीक्षण करने पहुंचे थे।

श्री सिन्हा ने डिहरी अनुमंडल न्यायालय में लंबित, विचारधीन मुकदमों में ट्रायल, संज्ञान, फैसला आदि विषयों पर न्यायिक विवेक-तकनीक की दृष्टि से सरसरी समीक्षा की और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षी न्यायाधीश और जिला जज का अंगवस्त्र भेंटकर सम्मान
अनुमंडल न्यायालय परिसर में डिहरी विधिज्ञ संघ की ओर से निरीक्षी न्यायाधीश का गुलदस्ता भेंटकर स्वागत किया गया। संघ ने पटना उच्च न्यायालय के न्यायाधीश विनोद कुमार सिन्हा और जिला सत्र न्यायाधीश राजेन्द्र प्रसाद मिश्र को अंगवस्त्र से सम्मानित किया। स्वागत समारोह की अध्यक्षता डिहरी अनुमंडल विधिज्ञ संघ के अध्यक्ष उमाशंकर पांडेय ने की और संचालन सचिव मिथिलेश कुमार सिन्हा ने किया। इस अवसर पर डिहरी अनुमंडल विधिज्ञ संघ के उपाध्यक्ष काशीनाथ गुप्ता, विश्वनाथ सिंह, प्रशान्त कुमार पाठक, कोषाध्यक्ष संजय कुमार सिंह, अंकेक्षक संतोष कुमार सिंह, उप सचिव ओम प्रकाश सिन्हा, संजय कुमार, विनोद प्रसाद और वरिष्ठ अधिवक्ता रमाकांत दुबे, सुरेंद्र राय, मनोज कुमार सिन्हा, प्रवीण दुबे, मुनमुन पांडेय, मनीषा दुबे आदि मौजूद थे।
250 करोड़ से बनेगा अनुमंडल कोर्ट परिसर, होगा तीन महीने में काम शुरू
निरीक्षी न्यायाधीश ने एनिकट से पाश्र्व में स्थित सिंचाई विभाग द्वारा पटना उच्च न्यायालय को हस्तांतरित उस 9.44 एकड़ भूखंड का अवलोकन किया, जहां करीब ढाई सौ करोड़ रुपये की लागत से अनुमंडल न्यायालय परिसर, न्यायिक अधिकारियों के आवासीय परिसर, खेल मैदान, पार्क, सामुदायिक केेंद्र आदि का निर्माण होना है। बताया कि डेहरी-आन-सोन के अपने अनुमंडल न्यायालय परिसर के निर्माण शुरू करने के लिए 97 करोड़ रुपये की रकम का आवंटन राज्य सरकार की ओर से हो चुका है और तीन माह में आरंभिक निर्माण शुरू हो जाएगा। उन्होंने अधिवक्ताओं से आग्रह किया कि वे मुकदमों के निष्पादन की दिशा में सक्रिय पहल करें, ताकि मामले तेज गति से निपाटएं जा सकें और लोगों को न्याय मिल सके। उन्होंने कहा कि मामलों के निष्पादन के मामले में डिहरी अनुमंडल की स्थिति प्रथमद्रष्टया संतोषजनक कही जा सकती है, मगर मुकदमों की संख्या के मद्देनजर युद्धस्तरीय कार्य-निष्पादन की जरूरत है। उन्होंने इस बात का आश्वासन दिया कि प्रथम श्रेणी के उच्च स्तरीय न्यायिक दंडाधिकारी की पदस्थापना जल्द ही कराने का प्रयास करेंगे।
12 हजार फौजदारी मामले हैं लंबित, सब-जज की हो तुरंत नियुक्ति
डिहरी अनुमंडल विधिज्ञ संघ के अध्यक्ष उमाशंकर पांडेय ने बताया कि वर्ष 2018 में करीब साढ़े आठ सौ मामलों का निष्पादन अनुमंडल कोर्ट में हुआ है। यहां 12 हजार से अधिक फौजदारी मामले लंबित हैं। दीवानी मामले करीब तीन सौ ही हैं, क्योंकि कई तरह के दीवानी मामलों पर विचार करने, फैसला देने का अधिकार यहां के अनुमंडल दंडाधिकारियों के पास नहींहैं। विधिज्ञ संघ की मांग है किडिहरी अनुमंडल न्यायालय परिसर में सब-जज या एसीजेएम की पदस्थापना तुरंत की जाए। श्री पांडेय ने बताया कि 90 किलोमीटर के दायरे से पर्वतीय और वन क्षेत्र के लोगों को डिहरी अनुमंडल न्यायालय में आना पड़ता है, जिन्हें परेशानी होती है। सब-जज की नियुक्ति की मांग का ज्ञापन डिहरी अनुमंडल विधिज्ञ संघ की ओर से सचिव मिथिलेश कुमार सिन्हा ने सौंपा। सचिव ने तिलौथू थाना के मामलों को डिहरी अनुमंडल कोर्ट में दर्ज किए जाने और इस थाना के पुरानों मामलों के रिकार्ड सासाराम से यहां स्थानांतरित किए जाने की मांग का भी ज्ञापन सौंपा। सचिव ने बताया कि तिलौथू थाना सासाराम थाना से अलग हुआ, मगर वह सासाराम व्यवहार न्यायालय से ही जुड़ा रहा है।
(रिपोर्ट : कृष्ण किसलय, साथ में  तस्वीर : कमलेश मिश्र )

 

शरद मेला परिसर में शीतल ने खूब खाए गोलगप्पे

डेहरी-आन-सोन (सोनमाटी संवाददाता)। चित्रगुप्त मैदान में शरद मेला परिसर में आयोजित गोलगप्पा खाओ प्रतियोगिता में अकोढ़ी गोला की शीतल कुमारी ने साठ गोलगप्पा खाकर आठ लड़कियों में सबसे आगे निकल गई। इसके लिए शीतल कुमारी को 2100 रुपये देकर पुरस्कृत किया गया।

कार्यक्रम प्रभारी ओम प्रकाश के अनुसार, सिटी का सितारा में डाल आडिशन के साथ लड़कियों-बच्चों के लिए कुर्सी रेस, बास्केटबाल और बैलून फुलाओ जैसे मनोरंजक उपक्रम का भी आयोजन किया जा रहा है।
(सूचनाा : अरुण कुमार शर्मा)

Share
  • Related Posts

    पेयजल व्यवस्था दुरुस्त रखने के लिए रोहतास में हर बुधवार होगी समीक्षा बैठक

    सासाराम। रोहतास जिला में पेयजल आपूर्ति को सुचारू और प्रभावी बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। बुधवार को जिला पदाधिकारी उदिता सिंह ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग…

    Share

    प्रगतिशील लेखक संघ का उदय: 1936 लखनऊ अधिवेशन से साहित्यिक क्रांति की शुरुआत

    प्रगतिशील लेखक संघ (प्रलेस) के स्थापना दिवस पर विशेष: 9 अप्रैल, प्रगतिशील लेखक संघ (प्रलेस) का स्थापना दिवस है। साल 1936 में इसी तारीख़ को लखनऊ के मशहूर ‘रफ़ा-ए-आम’ क्लब…

    Share

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

    You Missed

    पेयजल व्यवस्था दुरुस्त रखने के लिए रोहतास में हर बुधवार होगी समीक्षा बैठक

    पेयजल व्यवस्था दुरुस्त रखने के लिए रोहतास में हर बुधवार होगी समीक्षा बैठक

    प्रगतिशील लेखक संघ का उदय: 1936 लखनऊ अधिवेशन से साहित्यिक क्रांति की शुरुआत

    प्रगतिशील लेखक संघ का उदय: 1936 लखनऊ अधिवेशन से साहित्यिक क्रांति की शुरुआत

    आज से देशभर में बड़े बदलाव: रेल रिफंड नियम सख्त, इनकम टैक्स, टोल और बैंकिंग में नए प्रावधान लागू

    ज्ञान, संवाद और वैश्विक सहयोग का संदेश: नालंदा दीक्षांत में राष्ट्रपति का आह्वान

    ज्ञान, संवाद और वैश्विक सहयोग का संदेश: नालंदा दीक्षांत में राष्ट्रपति का आह्वान

    डब्ल्यूजेएआई, बिहार के कार्यकारी अध्यक्ष बने अक्षय आनंद

    डब्ल्यूजेएआई, बिहार के कार्यकारी अध्यक्ष बने अक्षय आनंद

    रोहतास में एनडीआरएफ की सीबीआरएन आपदा पर मॉक ड्रिल, आपदा तैयारी हुई और सुदृढ़

    रोहतास में एनडीआरएफ की सीबीआरएन आपदा पर मॉक ड्रिल, आपदा तैयारी हुई और सुदृढ़