प्रशांत किशोर पारदर्शिता की मिसाल, डेहरी की जनता सही नेताओं को चुने : अभिषेक सांकृत

अभिषेक सांकृत, जन सुराज,

डेहरी-आन-सोन (रोहतास)-कार्यालय प्रतिनिधि। जन सुराज प्रदेश कार्यसमिति सदस्य एवं डेहरी विधानसभा के संभावित प्रत्याशी अभिषेक सांकृत ने मंगलवार को डेहरी में प्रेस वार्ता आयोजित कर कई अहम मुद्दों पर अपनी बात रखी।

श्री सांकृत ने पार्टी संरक्षक प्रशांत किशोर द्वारा हाल ही में दिए गए बयान को पूरी तरह उचित ठहराते हुए कहा कि
प्रशांत किशोर ने जो मुद्दे उठाए हैं, वे आमजन के जीवन और बिहार के विकास से सीधे जुड़े हुए हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी की प्राथमिकता जनता की भागीदारी और पारदर्शिता को बढ़ावा देना है, और यही संदेश प्रशांत किशोर लगातार दे रहे है कि आज की राजनीति में जनता की आवाज़ को सुना जाना सबसे ज़रूरी है। प्रशांत किशोर का स्पष्ट मत है कि बिना जनभागीदारी और नीति-निर्धारण में पारदर्शिता के, बिहार की तस्वीर बदलना मुश्किल है।

प्रेस वार्ता में श्री सांकृत ने कहा कि प्रशांत किशोर एक शेरदिल नेता हैं जिन्होंने अपने आय स्रोत और पार्टी की फंडिंग के विषय में खुलकर जनता को अवगत कराया है। पारदर्शिता की यह मिसाल अन्य राजनीतिक दलों के लिए भी सीख है।
उन्होंने आगे कहा कि प्रशांत किशोर ने अशोक चौधरी को लीगल नोटिस वापस लेने और सार्वजनिक माफी मांगने की चुनौती दी है। अन्यथा, उनकी 500 से 1000 करोड़ की अवैध संपत्ति का खुलासा किया जाएगा।

बिहार के उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर निशाना साधते हुए श्री सांकृत ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि प्रदेश के उप मुख्यमंत्री पर रेप और मर्डर जैसे गंभीर अपराधों के आरोप हैं। हत्या के मामले में वह जेल जा चुके हैं और गलत दस्तावेजों के आधार पर खुद को नाबालिग साबित कर जेल से बाहर आए थे।
उन्होंने यह भी कहा कि जनसुराज ने उनके हलफनामे के आधार पर पुनः गिरफ्तारी की मांग की है।

अभिषेक सांकृत ने आम नागरिकों से अपील की कि वे समाज और राज्य की बेहतरी के लिए सक्रिय भागीदारी निभाएँ और राजनीति को जनहित से जोड़ने के प्रयास में सहयोग करें। साथ ही ऐसे नेताओं का चाल-चरित्र अवश्य देखे और मतदान से पहले विचार करें कि वे किसे चुन रहे हैं।

पत्रकारों द्वारा जब भाजपा में शामिल हुए पवन सिंह पर सवाल पूछा गया तो अभिषेक सांकृत ने कहा कि पवन सिंह का एनडीए में शामिल होना जनसुराज के लिए फायदेमंद है। जो व्यक्ति अपनी पत्नी का सम्मान नहीं कर सका, उससे समाज और महिलाओं के सम्मान की अपेक्षा नहीं की जा सकती। जनता इसे समझती है और इसका नुकसान एनडीए को ही होगा।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि पवन सिंह जाति के नाम पर क्षत्रिय समाज को एकजुट करने की कोशिश करेंगे, तो समाज उन्हें मुंहतोड़ जवाब देगा, क्योंकि क्षत्रिय समाज महिलाओं के सम्मान और आबरू की रक्षा के लिए खड़ा होता है, न कि उनके साथ दुर्व्यवहार करने वालों के साथ।

अभिषेक सांकृत ने इस अवसर पर नगरवासियों को शारदीय दुर्गा पूजा की हार्दिक शुभकामनाएँ भी दी। उन्होंने कहा कि यह पर्व शक्ति और सद्भाव का प्रतीक है और सभी नागरिकों के जीवन में खुशहाली और एकता का संचार करे।



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