वरिष्ठ अधिवक्ता, रंगकर्मी और फिल्मकार विपिन बिहारी श्रीवास्तव का निधन, डब्ल्यूजेएआई के महासचिव अमित रंजन के पिता थे स्व. श्रीवास्तव

पटना / गोपालगंज -कार्यालय प्रतिनिधि। बहुआयामी व्यक्तित्व के धनी, वरिष्ठ अधिवक्ता, रंगकर्मी और फिल्म निर्देशक विपिन बिहारी श्रीवास्तव अब हमारे बीच नहीं रहे। उन्होंने रविवार की रात 1 बजे गोपालगंज स्थित अपने आवास पर अंतिम साँस ली। स्व. श्रीवास्तव का जीवन विविध क्षेत्रों में रचनात्मक सक्रियता से परिपूर्ण रहा। एक तरफ वे कानूनी क्षेत्र में निष्ठा और निर्भीकता के प्रतीक माने जाते थे, तो दूसरी ओर उन्होंने नाट्यकला, लेखन और फिल्म निर्देशन के माध्यम से समाज को नई दृष्टि देने का काम किया। उनका रचनात्मक संसार जनसंघर्षों, सामाजिक विसंगतियों और मानवीय संवेदनाओं से प्रेरित था।

विपिन बिहारी श्रीवास्तव ने अपने रंगकर्म की शुरुआत सांस्कृतिक मंचों से की और बाद में राज्य तथा राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित नाटकों का निर्देशन किया। उनके द्वारा निर्देशित नाटकों में सामाजिक यथार्थ की स्पष्ट झलक मिलती थी। वे सांस्कृतिक पुनर्जागरण के पक्षधर थे और कला को जनसरोकारों से जोड़ने में विश्वास रखते थे।विभिन्न क्षेत्र में उन्होंने सीमित संसाधनों में भी प्रभावशाली काम किया, जिनमें सामाजिक मुद्दों की गहरी पड़ताल होती थी। वे स्वतंत्र फिल्म निर्माण के समर्थक थे और नवोदित कलाकारों व तकनीशियनों को निरंतर प्रोत्साहित करते रहे।

वरिष्ठ अधिवक्ता के रूप में उन्होंने अपने अभ्यासकाल में कई महत्वपूर्ण मुकदमों की पैरवी की। सत्य और न्याय के लिए वे किसी भी दबाव के आगे कभी नहीं झुके। उनकी छवि एक ईमानदार, अध्ययनशील और संवेदनशील अधिवक्ता के रूप में स्थापित रही।

उनके निधन की खबर फैलते ही पूरे गोपालगंज सहित बिहार के साहित्यिक, सांस्कृतिक और न्यायिक हलकों में गहरा शोक व्याप्त हो गया। नगर के बुद्धिजीवियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, कलाकारों, पत्रकारों और अधिवक्ताओं ने उनके आवास पर पहुँचकर अंतिम दर्शन किए और परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। परिवार की ओर से यह अपील की गई है कि श्रद्धांजलि स्वरूप, स्व. श्रीवास्तव के सिद्धांतों, विचारों और रचनात्मक कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया जाए। यही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

स्व. श्रीवास्तव के निधन पर वेब जर्नलिस्ट्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (डब्ल्यूजेएआई) के अध्यक्ष आनंद कौशल, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ. माधो सिंह, डॉ. लीना, संजीव आहूजा, राष्ट्रीय महासचिव अमिताभ ओझा, राष्ट्रीय सचिव सह बिहार प्रभारी मधुप मणि “पिक्कू”, राष्ट्रीय कार्यालय सचिव अकबर इमाम, चंदन कुमार, विवेक कुमार, सूरज कुमार, संयुक्त सचिव मिथिलेश मिश्रा, शैलेंद्र झा, नलिनी भारद्वाज, चंदन राज, कोषाध्यक्ष मंजेश कुमार, सह कोषाध्यक्ष मनोकामना सिंह, सह कार्यालय सचिव राम बालक राय, सह सचिव संगठन अभिषेक कुमार सिंह, राष्ट्रीय प्रवक्ता मुरली मनोहर श्रीवास्तव ने शोक व्यक्त किया है। गौरतलब है कि स्व. श्रीवास्तव के पुत्र अमित रंजन डब्ल्यूजेएआई के राष्ट्रीय महासचिव हैं।

मुखाग्नि ज्येष्ठ पुत्र अमित रंजन ने दिया अंतिम यात्रा में स्व. श्रीवास्तव के एक मात्र अनुज पूर्व अपर सचिव सामान्य प्रशासन आनन्द बिहारी प्रसाद, पुत्रगण अंचल अप्रतिम, प्रशांत चेतन, क्षितिज समीर, पौत्र कौस्तुभ निहाल, संभव, मोहित, स्नेह, अंशुमन, भाजपा नेता अनूप श्रीवास्तव, भाजपा नेता ओमप्रकाश, बार गोपालगंज के अध्यक्ष, सचिव कोषाध्यक्ष, मित्र शुभेच्छु कलाकार पत्रकार उपस्थित रहें।

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