मगध की परंपरा : पौष महीने में पुषहा पिठा से समाजिक सौहार्द की रस्म निभाई जाती है

लाल मोहन शास्त्री

मगध क्षेत्र में पौष मास के आरम्भ और समाप्ति पर पुषहा पिठा खाने और खिलाने की परंपरा आज भी उत्साह के साथ निभाई जाती है। धार्मिक मान्यता के अनुसार वृश्चिक और मीन संक्रांति का मास खरमास कहलाता है, जिसे पौष और चैत्र महीनों से जाना जाता है। पुराणों के अनुसार सूर्य के रथ को खींचने वाले सातों अश्व थकान और प्यास से व्याकुल होने पर विश्राम लेते हैं। उस अवधि में दो गधे सूर्य रथ में जोते जाते हैं। यही कारण है कि इन महीनों में मांगलिक कार्य निषेध माने जाते हैं।

भारतीय संस्कृति में चावल के चूर्ण से तैयार पिठा, पिठार और पिठी विशेष धार्मिक और सामाजिक महत्व रखते हैं। विवाह और मांगलिक अवसरों पर ग्राम देवी-देवताओं को चावल चूर्ण और गुड़ से बने गोलाकार पिठार अर्पित किए जाते हैं।

छठ पर्व, विवाह और शिवरात्रि में भी चावल चूर्ण, गुड़, पंचमेवा और दूध से कसार एवं अन्य पकवान बनाए जाते हैं। विवाह में भुने चावल चूर्ण और गुड़पाग से तैयार लड्डू कन्या को दिया जाना शुभ माना जाता है।

पुषहा पिठा बनाने की विधि बताते हुए शांति देवी कहती हैं कि अरवा चावल का चूर्ण तैयार कर उसे पानी में मिलाकर पकाया जाता है। फिर उसे गूंधकर गोल आकार की लोइयाँ तैयार की जाती हैं। इनमें चना दाल, आलू भरता, नमकीन या गुड़-खोया भरकर जबाकार (आधे चाँद जैसे) आकार दिया जाता है। इन्हें खौलते पानी में सिंझाकर तैयार किया जाता है।

इस पिठा को केवल अपने परिवार तक सीमित न रखकर टोला-परसा में बांटने की परंपरा सामाजिक एकता का प्रतीक है।मगध क्षेत्र में आरा, भोजपुर और बक्सर में अग्रहण मास में लिट्टी-चोखा बाटी-लोटा की विशिष्ट परंपरा भी निभाई जाती है। यही भारतीय सनातन संस्कृति की विशेषता है—जहाँ आहार और व्यवहार दोनों को समान महत्व दिया जाता है।

  • प्रस्तुति – गुरुदेव आचार्य पं० लाल मोहन शास्त्री

Share
  • Related Posts

    वीर कुंवर सिंह विजयोत्सव पर भावपूर्ण आयोजन, स्वतंत्रता संग्राम के नायक को श्रद्धांजलि

    सासाराम (रोहतास)। जमुहार स्थित गोपाल नारायण सिंह विश्वविद्यालय के देवमंगल सभागार में भारत के महान स्वतंत्रता सेनानी बाबू वीर कुंवर सिंह के विजयोत्सव के अवसर पर एक श्रद्धांजलि कार्यक्रम का…

    Share

    पृथ्वी दिवस पर जागरूकता की पहल, एनएसएस के तहत वृक्षारोपण व संगोष्ठी आयोजित

    सासाराम (रोहतास )। सासाराम स्थित एक महाविद्यालय में बुधवार को राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के तत्वावधान में पृथ्वी दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। इस अवसर पर वृक्षारोपण अभियान के साथ-साथ एक…

    Share

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

    You Missed

    वीर कुंवर सिंह विजयोत्सव पर भावपूर्ण आयोजन, स्वतंत्रता संग्राम के नायक को श्रद्धांजलि

    वीर कुंवर सिंह विजयोत्सव पर भावपूर्ण आयोजन, स्वतंत्रता संग्राम के नायक को श्रद्धांजलि

    पृथ्वी दिवस पर जागरूकता की पहल, एनएसएस के तहत वृक्षारोपण व संगोष्ठी आयोजित

    पृथ्वी दिवस पर जागरूकता की पहल, एनएसएस  के तहत वृक्षारोपण व संगोष्ठी आयोजित

    रोहतास के रामुडीह स्कूल में संदिग्ध मांस मिलने से हड़कंप, 5 शिक्षक निलंबित; जांच जारी

    रोहतास के रामुडीह स्कूल में संदिग्ध मांस मिलने से हड़कंप, 5 शिक्षक निलंबित; जांच जारी

    पूर्णिया में संतुलित उर्वरक उपयोग अभियान को लेकर उच्चस्तरीय बैठक, डीएपी के अत्यधिक उपयोग पर चिंता

    पूर्णिया में संतुलित उर्वरक उपयोग अभियान को लेकर उच्चस्तरीय बैठक, डीएपी के अत्यधिक उपयोग पर चिंता

    सासाराम में सोलर मेला सह लोन मेला आयोजित, पीएम सूर्य घर योजना से जुड़ने को बढ़ी लोगों की रुचि

    सासाराम में सोलर मेला सह लोन मेला आयोजित, पीएम सूर्य घर योजना से जुड़ने को बढ़ी लोगों की रुचि

    हरी खाद और संतुलित उर्वरक पर किसानों को मिला प्रशिक्षण, पटना में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

    हरी खाद और संतुलित उर्वरक पर किसानों को मिला प्रशिक्षण, पटना में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित