
सासाराम (रोहतास)। सरकारी योजनाओं, बैंकिंग सुविधाओं और स्वरोजगार के अवसरों को ग्रामीण क्षेत्रों के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के उद्देश्य से बिहार ग्रामीण बैंक ने मुखिया समन्वय सह जीविका बैठक आयोजित की। शिवसागर टोल प्लाजा के पास स्थित एक होटल में आयोजित कार्यक्रम में जिला प्रशासन, बैंक, उद्योग विभाग, जीविका और पंचायत प्रतिनिधियों ने योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार तथा पात्र लाभुकों को उनसे जोड़ने पर मंथन किया।
कार्यक्रम में जिलाधिकारी दीपक कुमार मिश्रा ने विशेष रूप से प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने योजना के लाभ, सोलर रूफटॉप की उपयोगिता, बिजली खर्च में कमी और सरकार की ओर से उपलब्ध कराई जा रही सब्सिडी के संबंध में जनप्रतिनिधियों को अवगत कराया।
जिलाधिकारी ने मुखिया और अन्य पंचायत प्रतिनिधियों से स्वयं भी प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना का लाभ लेने तथा कम-से-कम तीन अन्य परिवारों को सोलर रूफटॉप योजना से जोड़ने के लिए प्रेरित करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि इससे ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा और परिवारों के बिजली खर्च में भी कमी आएगी।
प्रशासन और बैंक के समन्वय से योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने की पहल
बैठक में बिहार ग्रामीण बैंक के महाप्रबंधक दीपक कुमार, उद्योग विभाग के महाप्रबंधक आशीष रंजन, बिहार ग्रामीण बैंक के क्षेत्रीय कार्यालय के प्रतिनिधि, क्षेत्रीय प्रबंधक अरविंद कुमार, जीविका के राज्य स्तरीय प्रतिनिधि मनीष कुमार, डीपीएम सुधीर बहादुर, मुखिया संघ के अध्यक्ष योगेंद्र कुमार सिंह, विभिन्न शाखाओं के शाखा प्रबंधक, मुखिया, पंचायत प्रतिनिधि, पंचायत सहायक और जीविका प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
जिलाधिकारी की विशेष पहल पर आयोजित इस कार्यक्रम में विभिन्न सरकारी योजनाओं के व्यावहारिक लाभों को ग्रामीण परिवारों तक पहुंचाने और अधिक से अधिक पात्र लोगों को उनसे जोड़ने पर विशेष जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने उपस्थित जनप्रतिनिधियों और अन्य सदस्यों से योजनाओं के संबंध में विस्तारपूर्वक संवाद भी किया।

बिहार ग्रामीण बैंक के अधिकारियों ने बताया कि ऐसे समन्वय कार्यक्रमों का उद्देश्य बैंकिंग सेवाओं को ग्रामीण समाज के और करीब लाना तथा प्रशासन, बैंक, जीविका, उद्योग विभाग और पंचायत प्रतिनिधियों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करना है। बैंक का प्रयास है कि ग्रामीण क्षेत्र का कोई भी पात्र व्यक्ति जानकारी के अभाव में सरकारी योजना, बैंकिंग सुविधा, ऋण सुविधा अथवा स्वरोजगार के अवसर से वंचित न रहे।
उद्योग विभाग ने दी पीएमएफएमई और उद्यम पंजीकरण की जानकारी
बैठक में उद्योग विभाग की विभिन्न योजनाओं की भी जानकारी दी गई। विशेष रूप से प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यम योजना (पीएमएफएमई) के तहत ग्रामीण क्षेत्रों के छोटे उद्यमियों और खाद्य प्रसंस्करण से जुड़े लोगों के लिए उपलब्ध अवसरों और सुविधाओं पर चर्चा की गई।
उद्यम पंजीकरण के महत्व से भी उपस्थित लोगों को अवगत कराया गया। बताया गया कि उद्योग विभाग की ओर से इसके लिए विशेष शिविर आयोजित किए जा रहे हैं, जहां निःशुल्क उद्यम पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध है। संभावित ग्रामीण उद्यमियों से इसका लाभ उठाने का आग्रह किया गया।
बैठक के दौरान ग्रामीण विकास और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए आरएएमपी मॉडल सहित विभिन्न विषयों पर भी चर्चा हुई। जनप्रतिनिधियों से अपने-अपने पंचायत क्षेत्रों में पात्र लाभुकों की पहचान कर उन्हें बैंक, जीविका और संबंधित सरकारी विभागों से जोड़ने में सहयोग करने की अपील की गई।
उपस्थित मुखिया और अन्य जनप्रतिनिधियों ने बिहार ग्रामीण बैंक की इस पहल की सराहना करते हुए सरकारी योजनाओं और बैंकिंग सुविधाओं का लाभ अधिक से अधिक ग्रामीण परिवारों तक पहुंचाने में हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। आयोजन को बैंकिंग सेवाओं, सरकारी योजनाओं, स्वरोजगार और ग्रामीण विकास को एक मंच पर लाकर अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया गया।




