
डेहरी-आन-सोन (रोहतास )। नारायण मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, जमुहार, सासाराम के शिशु रोग विभाग के तत्वावधान में विश्व स्तनपान सप्ताह 2026 के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में चिकित्सकों ने नवजात शिशुओं के लिए केवल मां का दूध पिलाने के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शिशु रोग विभाग के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर डॉ. मणिकांत कुमार, प्रोफेसर डॉ. ओ. पी. सिंह एवं डॉ. मोनिका सिंह ने स्तनपान के महत्व पर अपने विचार रखे। चिकित्सकों ने कहा कि मां का दूध शिशु के लिए सर्वोत्तम एवं संपूर्ण आहार है। इससे शिशु के शारीरिक एवं मानसिक विकास में महत्वपूर्ण योगदान मिलता है। साथ ही, स्तनपान मातृ स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी है।
इस वर्ष के विश्व स्तनपान सप्ताह की थीम “जो काम कर रहा है, उसे मजबूत करें” पर केंद्रित विचार भी वक्ताओं ने प्रस्तुत किए। उन्होंने कहा कि स्तनपान को बढ़ावा देने के लिए प्रभावी परामर्श, केवल स्तनपान को प्रोत्साहन तथा कार्यस्थल पर मातृत्व सुरक्षा जैसे प्रभावी सार्वजनिक स्वास्थ्य उपायों को व्यापक स्तर पर लागू करने की आवश्यकता है।
वक्ताओं ने कहा कि नवजात शिशु को जन्म के बाद मां का दूध उपलब्ध कराना उसके बेहतर स्वास्थ्य और विकास की मजबूत आधारशिला है। उन्होंने माताओं और परिवार के सदस्यों से स्तनपान के प्रति जागरूक रहने तथा इससे जुड़ी भ्रांतियों को दूर करने की अपील की।
कार्यक्रम में एमबीबीएस 2023-24 बैच के छात्र-छात्राओं ने भी सक्रिय रूप से भाग लिया। इनमें अखौरी आर्यन सिंह, हर्षराज, दीपक कुमारी, शांभवी, अभिरुचि मिश्रा, सलोनी आर्यन, मनीषा, संतोष सिंह, आनंद राज, रितिका रंजन आदि शामिल रहे। विद्यार्थियों ने विश्व स्तनपान सप्ताह के उद्देश्य और शिशु स्वास्थ्य में स्तनपान की भूमिका के प्रति जागरूकता फैलाने में सहभागिता की।





