
डेहरी- ओन-सोन (रोहतास) -कार्यालय प्रतिनिधि। प्रखंड के दरिहट गाँव की प्रो. सरिता को कॉलेज ऑफ होम साइंस, निर्मला निकेतन (स्वायत्त), मुंबई (महाराष्ट्र) द्वारा आयोजित अंतर्राष्ट्रीय सेमिनार में सर्वश्रेष्ठ शोध पत्र पुरस्कार से सम्मानित किया गया। प्रो. सरिता महंत दर्शन दास महिला महाविद्यालय के गृह विज्ञान विभाग की अध्यक्ष हैं।
प्रो. सरिता ने 16 एवं 17 जनवरी को मुंबई में आयोजित ऑनलाइन एवं ऑफलाइन (हाइब्रिड) माध्यम से संपन्न इस अंतर्राष्ट्रीय सेमिनार में सहभागिता की। सेमिनार का विषय था—“जीवन की गुणवत्ता में संवर्धन: अतीत की गूँज और सतत एवं सुदृढ़ भविष्य की परिकल्पना।”
प्रो. सरिता को उनके शोध पत्र “पर्यावरण एवं सततता: एक व्यवस्थित समीक्षा एवं समेकन” के लिए यह पुरस्कार प्रदान किया गया। अपने शोध में उन्होंने वर्ष 2005 से 2025 के बीच पर्यावरण संरक्षण एवं सतत विकास से संबंधित नीतियों, योजनाओं एवं प्रयासों का गहन विश्लेषण प्रस्तुत किया है। शोध पत्र में यह स्पष्ट किया गया है कि पर्यावरण संरक्षण के साथ सतत विकास किस प्रकार संभव है तथा इस दिशा में सरकारी पहलों की भूमिका क्या है।
इस अंतर्राष्ट्रीय सेमिनार में देश-विदेश से लगभग 250 शोध पत्रों की प्रस्तुति की गई, जिनमें से प्रो. सरिता के शोध पत्र को उत्कृष्ट घोषित किया गया।
उनकी इस उपलब्धि पर महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. अल्का जायसवाल ने हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि यह सम्मान महाविद्यालय की शैक्षणिक एवं शोध गतिविधियों को नई ऊँचाइयाँ प्रदान करेगा और अन्य शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं छात्राओं को शोध के लिए प्रेरित करेगा। महाविद्यालय के सभी प्राध्यापकों ने भी इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त किया।
इसके अतिरिक्त डेहरी नगर के प्रो. नीलम पाल, प्रो. अशोक कुमार सिंह, सामाजिक कार्यकर्ता श्रीकांत, स्वयंप्रकाश मिश्र, उज्ज्वल रूंगटा सहित अनेक गणमान्य लोगों ने प्रो. सरिता को बधाई दी है।





