पत्रकार महासंघ में सख्ती: दोहरी सदस्यता पर अब होगी निर्णायक कार्रवाई



प्रयागराज / प्रतापगढ़ / लखनऊ (उत्तर प्रदेश)- विषेश संवाददाता। पत्रकार संगठनों की विश्वसनीयता और अनुशासन बनाए रखने की दिशा में भारतीय राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ ने बड़ा कदम उठाया है। महासंघ ने स्पष्ट कर दिया है कि संगठन में अब दोहरी सदस्यता किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी। ऐसे सदस्यों के खिलाफ चिन्हांकन कर कड़ी कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी गई है।
भारतीय राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ के राष्ट्रीय मुख्य महासचिव मथुरा प्रसाद धुरिया ने बताया कि महासंघ के संज्ञान में आया है कि कुछ सदस्य महासंघ की सदस्यता लेने के बावजूद अन्य पत्रकार संगठनों से भी जुड़े हुए हैं। कुछ साथी ऐसे भी हैं, जो दूसरे संगठन से औपचारिक रूप से त्यागपत्र दिए बिना महासंघ की सदस्यता लेकर दोनों संगठनों का लाभ उठा रहे हैं। यह न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि संगठनों के साथ विश्वासघात भी है।
श्री धुरिया ने ऐसे सदस्यों से अपील करते हुए कहा कि जिस संगठन में रहना है, वहां पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ रहें। “दो नावों की सवारी हमेशा नुकसानदायक होती है।” उन्होंने बताया कि ऐसे सदस्यों को एक सप्ताह का समय दिया गया है, जिसमें वे स्वेच्छा से किसी एक संगठन का चयन कर लें।
महासंघ की राष्ट्रीय कार्यकारिणी और कोर कमेटी के निर्णय के अनुसार, पूरे देश में दोहरी सदस्यता रखने वाले सदस्यों का चिन्हांकन किया जा रहा है। यदि कोई सदस्य संगठन के निर्देशों की अनदेखी करते हुए दोहरी सदस्यता में लिप्त पाया गया, तो जनवरी 2026 से उसे संगठन से बाहर कर दिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस पूरे प्रकरण की जिम्मेदारी अनुशासन एवं जांच प्रकोष्ठ को सौंपी गई है, जो इस माह के अंतिम दिन तक अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगा। इसके बाद विधिक प्रक्रिया अपनाते हुए दोषी पाए गए सदस्यों को संगठन से सेवा मुक्त कर दिया जाएगा।
इसके साथ ही महासंघ ने सदस्यता नवीनीकरण को लेकर भी नई व्यवस्था लागू की है। अब सदस्यता में निरंतरता बनाए रखने के लिए हर वर्ष नवीनीकरण शुल्क जमा करना अनिवार्य होगा। यदि किसी सदस्य ने बीच के किसी वर्ष का शुल्क नहीं जमा किया है, तो वर्तमान वर्ष में नवीनीकरण के समय पिछला बकाया शुल्क भी जमा करना होगा। ऐसा न करने पर सदस्यता को नई माना जाएगा और ऐसे सदस्यों को महासंघ की सुविधाओं व पदाधिकारियों के दायित्व से वंचित किया जा सकता है।
महासंघ से जुड़ी किसी भी प्रकार की समस्या या जानकारी के लिए पत्रकार साथी निम्न पते पर संपर्क कर सकते हैं— मथुरा प्रसाद धुरिया, राष्ट्रीय मुख्य महासचिव, भारतीय राष्ट्रीय पत्रकार महासंघ, मो.: 9415627106

Share
  • Related Posts

    फसल विविधीकरण कार्यक्रम में महिला किसानों की सक्रिय भागीदारी, मोतिहारी में प्रक्षेत्र भ्रमण

    पटना/ मोतिहारी | भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) के पूर्वी अनुसंधान परिसर, पटना एवं कृषि विज्ञान केंद्र, पिपराकोठी, मोतिहारी के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को मोतिहारी जिले के घनश्याम पकड़ी…

    Share

    आईआईएमसी की 60 साल की शैक्षणिक विरासत में नया अध्याय, पहली बार पीएच.डी. पाठ्यक्रम की शुरुआत

    नई दिल्ली। मीडिया, संचार और पत्रकारिता के क्षेत्र में उच्चस्तरीय शोध को प्रोत्साहित करने की दिशा में भारतीय जनसंचार संस्थान (आईआईएमसी), डीम्ड विश्वविद्यालय ने एक अहम पहल की है। संस्थान…

    Share

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

    You Missed

    फसल विविधीकरण कार्यक्रम में महिला किसानों की सक्रिय भागीदारी, मोतिहारी में प्रक्षेत्र भ्रमण

    फसल विविधीकरण कार्यक्रम में महिला किसानों की सक्रिय भागीदारी, मोतिहारी में प्रक्षेत्र भ्रमण

    आईआईएमसी की 60 साल की शैक्षणिक विरासत में नया अध्याय, पहली बार पीएच.डी. पाठ्यक्रम की शुरुआत

    आईआईएमसी की 60 साल की शैक्षणिक विरासत में नया अध्याय, पहली बार पीएच.डी. पाठ्यक्रम की शुरुआत

    ऊषा श्याम फाउंडेशन ने जरूरतमंदों के बीच किया कंबल वितरण

    ऊषा श्याम फाउंडेशन ने जरूरतमंदों के बीच किया कंबल वितरण

    नंदा गौरा छात्रवृत्ति : स्कॉलरशिप लेते ही पढ़ाई छोड़ने का ट्रेंड!

    नंदा गौरा छात्रवृत्ति : स्कॉलरशिप लेते ही पढ़ाई छोड़ने का ट्रेंड!

    अकस की समीक्षा बैठक संपन्न, अखिल भारतीय लघु नाट्य प्रतियोगिता की सफलता पर जताया आभार

    अकस की समीक्षा बैठक संपन्न, अखिल भारतीय लघु नाट्य प्रतियोगिता की सफलता पर जताया आभार

    पूस माह का पिट्ठा: बिहार की लोक-पाक परंपरा की जीवित विरासत

    पूस माह का पिट्ठा: बिहार की लोक-पाक परंपरा की जीवित विरासत