आईटी एवं अभियांत्रिकी संकाय में छात्र विकास कार्यक्रम ‘आईईईई’ का शुभारंभ


डेहरी-आन-सोन (रोहतास)। गोपाल नारायण सिंह विश्वविद्यालय के अंतर्गत संचालित सूचना प्रौद्योगिकी एवं अभियांत्रिकी संकाय में एक सप्ताह तक चलने वाले छात्र विकास कार्यक्रम इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियर्स (आईईईई) का शुभारंभ उत्साहपूर्वक किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन विश्वविद्यालय के कुलाधिपति गोपाल नारायण सिंह द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।


इस अवसर पर मुख्य अतिथि कुलाधिपति ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि यह कार्यक्रम उन्हें अभियांत्रिकी के क्षेत्र में विश्व स्तरीय मंच प्रदान करेगा। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम के माध्यम से छात्रों को नवाचार और शोध कार्यों से जुड़ने का अवसर मिलेगा, जिससे उनका तकनीकी दृष्टिकोण मजबूत होगा।
उन्होंने आगे कहा कि कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञों द्वारा दिए जाने वाले व्याख्यान, कार्यशालाएं और विभिन्न प्रतियोगिताएं छात्रों को नई तकनीकों की जानकारी और व्यावहारिक अनुभव प्रदान करेंगी, जो उनके भविष्य को अधिक रचनात्मक बनाएंगी। कुलाधिपति ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए संकाय के डीन डॉ. पंकज दशोर की सराहना करते हुए शिक्षकों से छात्रों को मार्गदर्शन देने का आह्वान किया।


कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. जगदीश सिंह ने कहा कि इस पहल से छात्रों को नई तकनीकों को समझने, अपने कौशल को विकसित करने और भविष्य की चुनौतियों के लिए खुद को तैयार करने का अवसर मिलेगा। वहीं कुल सचिव डॉ. कुमार आलोक प्रताप ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।
कार्यक्रम की शुरुआत में डीन डॉ. पंकज दशोर ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए ‘आईईईई’ कार्यक्रम की विशेषताओं और इसके लाभों पर विस्तृत जानकारी दी।


उल्लेखनीय है कि इस कार्यक्रम में देश के विभिन्न राज्यों से लगभग 350 प्रतिभागी हिस्सा ले रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान प्रतिदिन अलग-अलग विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा ऑनलाइन व्याख्यान आयोजित किए जाएंगे।
इस मौके पर संस्थान प्रबंधन की सदस्य डॉ. मोनिका सिंह, विभिन्न संकायों के डीन, निदेशक एवं वरीय शिक्षक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान छात्रों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दीं, जिससे वातावरण और अधिक उत्साहपूर्ण हो गया।


Share
  • Related Posts

    बिहार में औद्योगिक निवेश को बड़ी रफ्तार, 23 नई परियोजनाओं को मिली मंजूरी

    पटना। बिहार में औद्योगिक विकास और निवेश को बढ़ावा देने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए बिहार औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकार (बियाडा) की परियोजना समाशोधन समिति (पीसीसी) ने 23…

    Share

    पुस्तक समीक्षा: युद्ध, पीड़ा और मनुष्य होने की कहानी- “इंसान का नसीबा”

    एक समय ऐसा था जब सोवियत रूस की क्रांति से हमारे स्वाधीनता सेनानी, खासकर साहित्यकार, गहरे रूप से प्रेरित होते थे। यह परंपरा लंबे समय तक फलती-फूलती रही। लेकिन 1992…

    Share

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

    You Missed

    बिहार में औद्योगिक निवेश को बड़ी रफ्तार, 23 नई परियोजनाओं को मिली मंजूरी

    बिहार में औद्योगिक निवेश को बड़ी रफ्तार, 23 नई परियोजनाओं को मिली मंजूरी

    पुस्तक समीक्षा: युद्ध, पीड़ा और मनुष्य होने की कहानी- “इंसान का नसीबा”

    पुस्तक समीक्षा: युद्ध, पीड़ा और मनुष्य होने की कहानी- “इंसान का नसीबा”

    खेत बचाओ अभियान के तहत किसानों को वैज्ञानिक कृषि तकनीकों की जानकारी

    खेत बचाओ अभियान के तहत किसानों को वैज्ञानिक कृषि तकनीकों की जानकारी

    मंगोलिया में बुद्ध के प्रमुख शिष्यों के पवित्र अवशेषों की प्रदर्शनी संपन्न

    मंगोलिया में बुद्ध के प्रमुख शिष्यों के पवित्र अवशेषों की प्रदर्शनी संपन्न

    पीएनसी लापरवाही पर भीम आर्मी का प्रदर्शन, डीएम को ज्ञापन

    पीएनसी लापरवाही पर भीम आर्मी का प्रदर्शन, डीएम को ज्ञापन

    अंतरराष्ट्रीय साहित्य सम्मान से सम्मानित हुए अरविंद चित्रांश, कायस्थ महासभा ने किया अभिनंदन

    अंतरराष्ट्रीय साहित्य सम्मान से सम्मानित हुए अरविंद चित्रांश, कायस्थ महासभा ने किया अभिनंदन