सरस सावन मास

सावन का महीना, जिसे श्रावण मास भी कहा जाता है, आज यानी 11 जुलाई से शुरू हो रहा है, जो 09 अगस्त (शनिवार) तक रहेगा। यह महीना भगवान शिव को समर्पित है और इसे हिंदू धर्म में बहुत शुभ माना जाता है। इस दौरान, भक्त भगवान शिव की विशेष पूजा-अर्चना करते हैं, उपवास रखते हैं और शिव मंदिरों में जलाभिषेक करते हैं। शिव लिंग पर जल, विल्व पत्र चढ़ाने से भक्तों पर भगवान शंकर की विशेष कृपा बरसती है। सावन सोमवार को शिव – आराधना रुद्राभिषेक करने से भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण होती है। सावन मास प्रारम्भ होते ही बाबा के भक्तगण केसरिया परिधान धारण कर बोल बम का नारा लगाते हुए काँवर में गंगा जल या अन्य नदिओं का जल लेकर मगध क्षेत्र के तीर्थो व अपने गाँव में स्थित शिव लिंग का जलाभिषेक करते हैं। साधु, सन्त और महात्मा चार महिना के लिए एक निश्चित स्थान पर बैठ कर सनातन धर्म का महत्वपूर्ण व्रत चतुर्मास के प्रथम महिना सावन है। राम चरित्र मानस हिन्दी का प्रथम महाकाव्य के रचयिता पूज्यपाद लोक नायक गोस्वामी का सर्वोत्रम महिना सावन है। इसी मास में जन्म, वैराग्य और मृत्यु हुई है। सावन शुक्ला सप्तमी जन्म दिन और पुण्य तिथि भी है। वेद पाठको का महत्वपूर्ण मास सावन है । इस में वेद पाठ, जनेऊ की पूजा और अपने यजमानों की रक्षासूत्र पुरोहित बान्धते हैं।

बिहार (मिथिला) में नया साल सावन से शुरू होता है। वैदेही पंचांग ‘ विद्यापति पंचांग ‘ मिथिला पंचांग ‘ संस्कृत विश्व विद्यालिय पंचांग सावन मास के कृष्ण पक्ष से प्रारम्भ होता है।किसानों का सबसे अच्छा महिना सावन है ‘ खेती कार्य में वृद्धि होती है। सावन हरा रंग से ओतप्रोत रहता है। मगध की परम्परा है कि प्रत्येक माता-पिता अपनी विवाहित लडकी को सावन पूरिया ( साड़ी, सिंगार सामान, मिठाईयाँ ) भेजते हैं।

सावन का महत्वपूर्ण तिथियां

  • 14 जुलाई – प्रथम सोमवार
  • 21 जुलाई – द्वितीय सोमवार
  • 23 जुलाई – सावन शिवरात्रि
  • 24 जुलाई – हरियाली अमावस्या
  • 28 जुलाई-तृतीय सोमवार
  • 29 जुलाई- नाग पञ्चमी ( बिहटा-हसपुरा ) बाक्स बाबा पूजा मेला
  • 31 जुलाई – गोस्वामी तुलसी दास जयन्ती कुलदेवता पूजा
  • 04 अगस्त – चतुर्थ सोमवार
  • 05 अगस्त – झुलन महोत्सव
  • 09 अगस्त- रक्षा बन्धन ‘ श्रावणी उपाकर्म ( जनेऊ पूजा ) संस्कृत दिवस के साथ सावन सम्पन्न

Share
  • Related Posts

    आरा में हिंदी साहित्य सम्मेलन आयोजित, ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूरे होने पर साहित्यकार और कलाकार सम्मानित

    आरा (भोजपुर)। जनहित परिवार भोजपुर के तत्वावधान में डॉ. श्रीनिवास शर्मा की स्मृति तथा ‘वंदे मातरम्’ की 150वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में हिंदी साहित्य सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम…

    Share

    पूर्वी चंपारण में हरी खाद और संतुलित उर्वरक उपयोग पर किसानों को किया गया जागरूक

    पटना/पूर्वी चंपारण। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के पूर्वी अनुसंधान परिसर, पटना द्वारा बुधवार को पूर्वी चंपारण जिले के चकिया प्रखंड अंतर्गत घनश्याम पकड़ी गांव में “हरी खाद एवं संतुलित उर्वरक…

    Share

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

    You Missed

    आरा में हिंदी साहित्य सम्मेलन आयोजित, ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूरे होने पर साहित्यकार और कलाकार सम्मानित

    आरा में हिंदी साहित्य सम्मेलन आयोजित, ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूरे होने पर साहित्यकार और कलाकार सम्मानित

    पूर्वी चंपारण में हरी खाद और संतुलित उर्वरक उपयोग पर किसानों को किया गया जागरूक

    पूर्वी चंपारण में हरी खाद और संतुलित उर्वरक उपयोग पर किसानों को किया गया जागरूक

    19 मई को रोहतास के सभी पंचायतों में लगेगा सहयोग शिविर, डीएम ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश

    19 मई को रोहतास के सभी पंचायतों में लगेगा सहयोग शिविर, डीएम ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश

    भोजपुरी लोकधारा को शास्त्रीय संगीत में पिरोने का प्रयास करेंगी प्रिया कुमारी

    भोजपुरी लोकधारा को शास्त्रीय संगीत में पिरोने का प्रयास करेंगी प्रिया कुमारी

    जमुहार में 6 व 7 जून को होगा आरएसएसडीआई बिहारकॉन-एमटी 2026 का आयोजन

    मिट्टी की सेहत सुधारने के लिए जैव उर्वरकों के प्रयोग पर दिया गया जोर

    मिट्टी की सेहत सुधारने के लिए जैव उर्वरकों के प्रयोग पर दिया गया जोर