
- “संत पाल स्कूल केवल शिक्षा का केंद्र नहीं, बल्कि संस्कार, अनुशासन और उज्ज्वल भविष्य निर्माण की उत्कृष्ट पाठशाला है” — दीपक प्रकाश
सासाराम- (रोहतास। संत पाल स्कूल का 39वाँ वार्षिकोत्सव रविवार को विद्यालय परिसर में अत्यंत भव्यता, उल्लास एवं सांस्कृतिक गरिमा के साथ संपन्न हुआ। दक्षिण बिहार की प्रतिष्ठित एवं सीबीएसई, नई दिल्ली से संबद्ध इस शिक्षण संस्था में आयोजित समारोह के दौरान छात्र-छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुतियाँ देकर उपस्थित अतिथियों, अभिभावकों एवं दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। पूरे दिन विद्यालय परिसर उत्सवमय वातावरण में डूबा रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि दीपक प्रकाश, विशिष्ट अतिथि ओमप्रकाश लाल, पूर्व वार्ड कमिश्नर शेखर प्रसाद सिंह, विद्यालय के चेयरमैन डॉ. एस.पी. वर्मा, सचिव वीणा वर्मा, ट्रस्टी राहुल वर्मा, प्रबंधक रोहित वर्मा एवं प्राचार्या अराधना वर्मा द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया। दीप प्रज्वलन के साथ ही पूरे वातावरण में सकारात्मक ऊर्जा एवं सांस्कृतिक सौहार्द का संचार हुआ।
समारोह के दौरान शैक्षणिक सत्र 2025-26 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को ट्रॉफी एवं प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया। सम्मान प्राप्त कर विद्यार्थियों के चेहरे खुशी और आत्मविश्वास से खिल उठे, वहीं अभिभावकों ने भी बच्चों की सफलता पर गर्व व्यक्त किया।
अपने संबोधन में दीपक प्रकाश ने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ सांस्कृतिक एवं नैतिक मूल्यों का विकास भी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों को मेहनत, अनुशासन एवं समर्पण के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हुए कहा कि संत पाल स्कूल के बच्चों का आत्मविश्वास और उत्साह उनके उज्ज्वल भविष्य की ओर संकेत करता है। उन्होंने विद्यालय प्रबंधन एवं शिक्षकों की सराहना करते हुए कहा कि संस्था शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य कर रही है और विद्यार्थियों को बेहतर नागरिक बनाने की दिशा में निरंतर प्रयासरत है।
विशिष्ट अतिथि ओमप्रकाश लाल ने विद्यालय प्रबंधन की प्रशंसा करते हुए कहा कि संत पाल स्कूल न केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान कर रहा है, बल्कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए भी निरंतर कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि विद्यालय में अनुशासन, संस्कार एवं आधुनिक शिक्षा का अद्भुत समन्वय देखने को मिलता है, जो विद्यार्थियों को जीवन में सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
इस अवसर पर शेखर प्रसाद सिंह ने विद्यालय के सामने स्थित सड़क की मरम्मत की आवश्यकता को गंभीरता से लेने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि इस विषय को प्राथमिकता के साथ संबंधित विभाग के समक्ष उठाया जाएगा, ताकि विद्यार्थियों एवं अभिभावकों को बेहतर सुविधा मिल सके।
विद्यालय के चेयरमैन डॉ. एस.पी. वर्मा ने कहा कि संत पाल स्कूल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, अनुशासन एवं उत्कृष्ट शैक्षणिक परिणामों के लिए पूरे क्षेत्र में अपनी विशिष्ट पहचान रखता है। उन्होंने बताया कि विद्यालय के विद्यार्थी बोर्ड परीक्षाओं के साथ-साथ खेल, सांस्कृतिक एवं अन्य सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में भी निरंतर सफलता प्राप्त कर रहे हैं। संस्था का उद्देश्य विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास कर उन्हें आदर्श नागरिक बनाना है।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत भक्ति नृत्य ‘शंकर संकट हरना…’ से हुई, जिसमें तनु, सौम्या, अनन्या, समीक्षा, राध्या एवं श्रेयांशी ने भावपूर्ण प्रस्तुति देकर दर्शकों को भावविभोर कर दिया। इसके बाद विद्यार्थियों ने राजस्थानी लोकनृत्य, ‘दिल है छोटा सा…’, ‘पिकाक डांस’ तथा ‘वेकअप विद माई हार्ट’ जैसे आकर्षक कार्यक्रम प्रस्तुत कर खूब तालियाँ बटोरीं। विद्यार्थियों की आकर्षक वेशभूषा, सुंदर मंच सज्जा एवं प्रभावशाली अभिनय ने समारोह में चार चाँद लगा दिए।
देशभक्ति गीत ‘ऐ वतन…’ की प्रस्तुति ने पूरे वातावरण को राष्ट्रप्रेम की भावना से ओतप्रोत कर दिया। दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया।कार्यक्रम का प्रभावशाली मंच संचालन विद्यालय के छात्र-छात्राओं के साथ ट्रस्टी राहुल वर्मा ने किया।
अंत में प्राचार्या अराधना वर्मा ने सभी अतिथियों, अभिभावकों, शिक्षकों एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापन किया।
रिर्पोट, तस्वीर: टिपु सुलतान




